spot_img

उत्तराखंड में कृष्ण जन्माष्टमी की धूम: सजे मंदिर, नैनीताल में सांस्कृतिक संध्या और टिहरी में डोली मिलन का आयोजन

देहरादून, लक्सर, नैनीताल और टिहरी में श्रद्धालुओं ने हर्षोल्लास के साथ मनाया भगवान श्रीकृष्ण का जन्मोत्सव

देहरादून: उत्तराखंड में भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव का पर्व जन्माष्टमी बेहद उल्लास और धूमधाम के साथ मनाया गया। इस पावन अवसर पर प्रदेश के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों के मंदिरों को फूलों और रंग-बिरंगी लाइटों से बेहद आकर्षक ढंग से सजाया गया था। सुबह से ही मंदिरों में दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। रात को 12 बजते ही शंख और घंटियों की आवाज के बीच भगवान श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप का जन्म हुआ और विशेष पूजा-आरती की गई। प्रशासन और पुलिस भी इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पूरी तरह मुस्तैद रही।

लक्सर और देहात क्षेत्रों में सजीं आकर्षक झांकियां

लक्सर नगर के हरे कृष्ण मंदिर, जगदंबा मंदिर, दुर्गा मंदिर और पुराने शिव मंदिरों में जन्माष्टमी के पावन अवसर पर कई धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन हुआ। श्रद्धालुओं ने सपरिवार पूजा-अर्चना कर सुख-समृद्धि की कामना की। बच्चों ने राधा और कृष्ण का रूप धारण कर मनमोहक प्रस्तुतियां दीं, जिन्हें खूब सराहा गया। इसके अलावा, खानपुर, रायसी और सुल्तानपुर जैसे ग्रामीण इलाकों में भी दिनभर भजन-कीर्तन और अनुष्ठान चलते रहे।

नैनीताल पुलिस लाइन में भव्य सांस्कृतिक संध्या

नैनीताल के रिजर्व पुलिस लाइन में इस बार जन्माष्टमी का उत्सव बेहद भव्य रहा। इस कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथियों ने दीप प्रज्वलित कर किया। आयोजन में उत्तराखंड हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति राकेश थपलियाल, न्यायमूर्ति आलोक मेहरा, हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष डीसीएस रावत, कुमाऊं मंडल आयुक्त दीपक रावत, आईजी कुमाऊं निवेदिता कुकरेती, नैनीताल की विधायक सरिता आर्या और एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टीसी समेत कई वरिष्ठ अधिकारी और पुलिसकर्मी सपरिवार शामिल हुए।

समारोह का मुख्य आकर्षण स्टार नाइट शो रहा, जिसमें गायिका वैशाली ने अपनी सुरीली आवाज से समां बांधा और लोक गायक नीरज चुफाल ने कुमाऊंनी लोकगीतों की शानदार प्रस्तुति दी। इसके साथ ही पुलिस परिवार के बच्चों ने भी कई सांस्कृतिक कार्यक्रम पेश किए।

टिहरी के थापला में देव डोलियों का आगमन और तांदी नृत्य

धनोल्टी विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत जौनपुर विकासखंड थत्यूड़ के ग्राम थापला में भी जन्माष्टमी पर्व के अवसर पर आस्था का अनूठा संगम देखने को मिला। यहां नवनिर्मित नाग देवता मंदिर में विधि-विधान के साथ मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा की गई। इसके बाद नाग देवता और ऋषिकेश देवता की डोली गांव पहुंची, जहां ग्रामीणों ने पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ उनका स्वागत किया।

कार्यक्रम के दौरान ध्याणी मिलन समारोह और पारंपरिक तांदी नृत्य का आयोजन किया गया। इस मौके पर जिला पंचायत उपाध्यक्ष मानसिंह रौतेला ने मंदिर परिसर के सौंदर्यीकरण और टीन शेड निर्माण के लिए पांच लाख रुपये देने की घोषणा की, जिससे ग्रामीणों में खुशी की लहर दौड़ गई।

spot_img

Related Articles

spot_img

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

spot_img

Latest Articles