श्रीनगर में आयोजित सात दिवसीय बैकुंठ चतुर्दशी मेला एवं विकास प्रदर्शनी-2024 का मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को शुभारंभ किया। आवास विकास मैदान में आयोजित इस मेले का उद्घाटन दीप प्रज्वलित कर किया गया। इससे पहले मुख्यमंत्री ने भगवान कमलेश्वर महादेव मंदिर में पूजा-अर्चना की और प्रदेश की सुख-समृद्धि के लिए प्रार्थना की।

धरोहर और आस्था का प्रतीक
मुख्यमंत्री ने मेले को देवभूमि की आस्था और समृद्ध परंपराओं का प्रतीक बताते हुए आयोजक मंडल की सराहना की। उन्होंने कहा कि यह मेला राज्य की सांस्कृतिक धरोहर को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का महत्वपूर्ण कार्य कर रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में उत्तराखंड को 21वीं सदी के तीसरे दशक में देश का अग्रणी राज्य बनाने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं।
विकास कार्यों की जानकारी
मुख्यमंत्री ने श्रीनगर में चल रहे विकास कार्यों का उल्लेख करते हुए बताया कि मेडिकल कॉलेज में 25 करोड़ रुपये की लागत से 50 बेड के क्रिटिकल केयर यूनिट का निर्माण हो रहा है। इसके अलावा, 4.88 करोड़ रुपये की लागत से रोडवेज बस अड्डा और पार्किंग का निर्माण पूरा किया गया है। श्रीनगर को नगर निगम में बदलकर तेजी से विकास कार्य किए जा रहे हैं। बिलकेदार-बेलकंडी क्षेत्र में नई टाउनशिप बसाने की योजना पर भी कार्य प्रगति पर है।

गुलदार संघर्ष न्यूनीकरण पर पुस्तक का विमोचन
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान के निर्देशन में तैयार की गई गुलदार व मानव संघर्ष न्यूनीकरण आधारित पुस्तक का विमोचन किया। यह पुस्तिका कक्षा 1 से 8 तक के छात्रों के पाठ्यक्रम में शामिल की जाएगी।
अन्य वक्ताओं की बातें
कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने श्रीनगर में शिक्षा और विकास के लिए सरकार के प्रयासों को रेखांकित किया। उन्होंने भू-कानून पर राज्यभर के निवासियों से सुझाव लेने और संस्कृति से खिलवाड़ रोकने की प्रतिबद्धता भी व्यक्त की।
अतिथि और प्रतिभागी
इस कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष शांति देवी, डीआईजी एसएसबी सुभाष चंद्र नेगी, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक लोकेश्वर सिंह, अपर जिलाधिकारी ईला गिरी, सहायक नगर आयुक्त रविराज बंगारी सहित कई अधिकारी और स्थानीय जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।



