उत्तराखंड में मौसम विभाग के अनुसार, अगले दो दिनों तक बारिश से राहत रहेगी, लेकिन इसके बाद बारिश का एक नया दौर शुरू होने वाला है। इस महीने के अंत तक, 25 सितंबर को मानसून की विदाई की संभावना जताई जा रही है।

हाल की मौसम स्थितियां
हाल ही में हुई बारिश के बाद पहाड़ी चोटियों पर फिर से बर्फबारी हुई है, विशेष रूप से चार धामों की ऊँची चोटियाँ बर्फ की चादर से ढक गई हैं। इसका असर मैदानी इलाकों में भी देखा जा रहा है, जहाँ तापमान में गिरावट आई है। गुरुवार की शुरुआत धूप के साथ हुई, लेकिन मानसून पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। हल्की बारिश की संभावनाएँ बनी हुई हैं। मौसम साफ होते ही हिमालय की चोटियाँ अद्भुत नजर आईं और सुबह की धूप में बदरीनाथ की चोटियाँ चमक उठीं।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशों के बाद, प्रदेश में चार दिनों में 307 बंद सड़कों को खोल दिया गया है। फिर भी, 170 से अधिक सड़कों का पुनर्निर्माण जारी है।
आज का मौसम पूर्वानुमान
आज सभी जिलों में मौसम शुष्क रहने की उम्मीद है। मौसम विभाग के अनुसार, अगले हफ्ते से महीने के अंत तक राज्य के विभिन्न हिस्सों में हल्की बूंदाबांदी हो सकती है, जिससे भारी बारिश से राहत मिलने की संभावना है। देहरादून समेत कई जिलों में हालिया भारी बारिश के बाद तापमान में गिरावट आई है, जिससे पहाड़ी इलाकों के लोग गर्म कपड़े निकालने लगे हैं। सैलानी भी गर्म कपड़ों की खरीदारी कर रहे हैं।
21 से 24 सितंबर के बीच फिर से बारिश का दौर लौट सकता है, जिसमें उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ में हल्की बारिश की संभावना है, जबकि अन्य जिलों में मौसम शुष्क रहने की उम्मीद है।
चार धाम यात्रा की रफ्तार
मानसून की रफ्तार धीमी होने के बाद, चारधाम यात्रा ने फिर से रफ्तार पकड़ ली है। गुरुवार को बद्रीनाथ धाम में 3,575, हेमकुंड साहिब में 496, केदारनाथ धाम में 2,557, गंगोत्री में 4,285 और यमुनोत्री में 3,858 श्रद्धालुओं ने दर्शन किए। गोमुख की तीर्थ यात्रा पर जाने वाले यात्रियों की संख्या अब तक 6,591 पहुंच चुकी है।
तापमान की स्थिति
गुरुवार को देहरादून का अधिकतम तापमान 31°C और न्यूनतम तापमान 21.08°C दर्ज किया गया। पंतनगर में अधिकतम 32.6°C और न्यूनतम 22.7°C, जबकि मुक्तेश्वर में अधिकतम 18.5°C और न्यूनतम 13.6°C रहा। नई टिहरी का अधिकतम तापमान 23.2°C और न्यूनतम 15.6°C रिकॉर्ड किया गया।
यह मौसम अपडेट उत्तराखंड में मौसमी बदलावों और तापमान में उतार-चढ़ाव को दर्शाता है, क्योंकि राज्य मानसून के अंत की ओर बढ़ रहा है।



