मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्वास्थ्य विभाग के सचिव सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारियों पर सख्त नाराजगी जताई है। उन्होंने कहा कि अधिकारी जनभावनाओं की कद्र करना सीखें और अस्पतालों की समस्याओं का मौके पर जाकर निस्तारण करें।
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि अल्मोड़ा जिले में अज्ञात बीमारी से हुई मौतों के संबंध में स्वास्थ्य सचिव तत्काल रिपोर्ट तैयार कर प्रस्तुत करें और वहां अनुभवी चिकित्सा दल भेजा जाए।
सीएम धामी ने चौखुटिया अस्पताल में 50 बेड की स्वीकृति देते हुए स्वास्थ्य विभाग के सचिव से सवाल किया कि इस प्रस्ताव की फाइल एक साल से क्यों और कहां अटकी रही?
उल्लेखनीय है कि एक वर्ष पूर्व स्वास्थ्य मंत्री ने चौखुटिया में स्वयं जाकर घोषणा की थी कि अस्पताल को 50 बेड का किया जाएगा, लेकिन यह मामला सरकारी फाइलों में उलझा रह गया।
सूत्रों के अनुसार, अस्पताल भवन और अन्य आधारभूत सुविधाओं की कमी भी इस घोषणा के पूर्ण क्रियान्वयन में बाधा रही।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि सचिवालय में फाइलें समयबद्ध निपटारे के बावजूद अटकी रहना प्रशासनिक सुस्ती को दर्शाता है। उन्होंने निर्देश दिया कि अल्मोड़ा जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की सभी समस्याओं का शीघ्र समाधान सुनिश्चित किया जाए।
सीएम धामी ने कहा कि पार्टी स्तर पर भी पूर्व विधायक, भाजपा जिलाध्यक्ष और अन्य जनप्रतिनिधियों ने इस विषय को बार-बार उठाया है। चौखुटिया क्षेत्र में स्वास्थ्य सुविधाओं का सुदृढ़ीकरण अब सर्वोच्च प्राथमिकता पर है।
उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि डॉक्टरों की कमी और अज्ञात बीमारी के प्रसार ने स्थिति को गंभीर बना दिया है। मुख्यमंत्री ने इस मुद्दे को स्वयं संज्ञान में लेते हुए अस्पताल के उच्चीकरण से संबंधित शासनादेश जारी करवाया, साथ ही स्वास्थ्य विभाग को जनता से जुड़े मामलों में संवेदनशीलता और तत्परता के साथ कार्य करने के निर्देश दिए।


